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कैंची धाम: बाबा नीम करौली ने बदल दी मार्क जुकरबर्ग की किस्मत कभी फेसबुक बेचने के थे हालात

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कैंची धाम: बाबा नीम करौली ने बदल दी मार्क जुकरबर्ग की किस्मत कभी फेसबुक बेचने के थे हालात

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Neem karoli Mark Zuckerberg: उत्तराखंड कैंची धाम मंदिर के चमत्कार फेसबुक सीईओ मार्क जुकरबर्ग रहे बाबा नीम करोली महाराज के मुरीद

वैसे तो देवभूमि उत्तराखंड में अनेकों मंदिर और धाम है जो विश्व भर में चर्चित है। इन्हीं मंदिरों की श्रेणी में आता है नैनीताल जिले के अंतर्गत कैंची धाम (Kainchi Dham) मंदिर जिसके अलौकिक चमत्कारों ने कई बड़े दिग्गज हस्तियों की किस्मत बदल दी। बता दें कि बाबा नीम करोली महाराज के नाम पर कैंची धाम मंदिर की विशिष्ट पहचान है। बाबा नीम करोली भगवान हनुमान के अवतार माने जाते हैं। ऐसा कहा जाता है कि बाबा नीम करोली को भगवान हनुमान की तपस्या और उपासना करने के बाद अनेक अलौकिक शक्तियां चमत्कारी सिद्धियां प्राप्त हुई। कैंची धाम नैनीताल – अल्मोडा मार्ग पर नैनीताल से लगभग 17 किलोमीटर एवं भवाली से 9 किलोमीटर पर स्थित है । जहां पर करौली महाराज का आश्रम है । प्रत्येक वर्ष 15 जून को यहां पर काफी बड़े मेले का आयोजन होता है, जिसमें देश-विदेश के श्रद्धालु भी अपनी भागीदारी दर्ज करते हैं।(Neem karoli Mark Zuckerberg)
Neem KAROLI Mark Zuckerberg kainchi Dham

बाबा नीम करोली ने बदली फेसबुक सीईओ मार्क जुकरबर्ग की किस्मत:  अगर बात करें सोशल मीडिया की तो इसमें फेसबुक से तो आप भी जरूर जुड़े होंगे लेकिन शायद इसके संघर्ष और सफलता की कहानी आपको शायद पता ना हो। एक इंटरव्यू के दौरान मार्क जुकरबर्ग का कहना था कि भारत के एक मंदिर में दर्शन करने के बाद उनकी किस्मत पूरी तरह से बदल गई थी। वर्ष 2004 में फेसबुक की स्थापना करने के बाद मार्क जुकरबर्ग को इसको सुचारू रखना बेहद संघर्ष भरा हो गया। क्योंकि उस समय इंटरनेट नेटवर्किंग सीमित था बहुत कम लोग इंटरनेट सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म का उपयोग करते थे।
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फेसबुक सीईओ मार्क जुकरबर्ग अपनी संघर्ष से भरी समस्या को लेकर एप्पल कंपनी के मालिक स्टीव जॉब्स के पास गए तो उन्होंने सलाह के रूप में कहा आप भारत भ्रमण पर जाएं और एक मंदिर के दर्शन जरूर करें। उन्होंने यह कहानी पहली बार वर्ष 2015 में भारत के प्रधानमंत्री के साथ साझा की थी। उन्होंने बताया था कि वे फेसबुक को लेकर शुरुआती दिनों में काफी कठिनाइयों से गुजर रहे थे और वे इस कंपनी को बेचने पर भी विचार कर रहे थे। लेकिन उत्तराखंड के नीम करोली महाराज के आश्रम में पहुंचकर दर्शन के बाद उनकी किस्मत बदल गई और आज फेसबुक की सफलता से तो आप भली-भांति वाकिफ हैं।
Neem KAROLI KAINCHI DHAM UTTARAKHAND


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