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उत्तराखण्ड ऊधमसिंह नगर

बच्चों के भूखे होने की बात कही तो उत्तराखण्ड पुलिस के जवान खुद ही कंधो पर राशन लेकर गए घर

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उत्तराखण्ड पुलिस मजदूरों और जरूरतमंदों की मदद कर पेश कर रही मानवता की मिशाल..

जैसे-जैसे लाॅकडाउन का समय बढ़ता जा रहा है वैसे-वैसे लोगों की मुसीबतें भी बढ़ती जा रही है। लाॅकडाउन से सबसे ज्यादा दिक्कत तो उन गरीबों और मजदूरों को हो रही है जिनका जीवन-यापन दिहाड़ी मजदूरी से चलता था। लाॅकडाउन के कारण काम बंद होने से इनके घर में तो खाने के भी लाले पड़ रहे हैं। हालांकि ऐसे समय में बहुत से सामाजिक संगठन और स्वयंसेवी इनकी मदद को आगे आए हैं और हर कोई अपनी तरफ से पूरी कोशिश कर रहा है कि इस मुश्किल घड़ी में कोई भी गरीब, मजदूर भूखा ना रहे। उत्तराखंड पुलिस भी अपनी ओर से ऐसे सभी गरीबों, मजदूरों और जरूरतमंद लोगों की मदद के लिए मुहिम चला रहीं हैं। जहां वह एक ओर शहरों में रहने वाले जरूरतमंदों, मजदूरों और विक्षिप्त लोगों को भोजन मुहैया करा रही है वहीं गाव-घरों में रहने वाले गरीबों के लिए राशन की व्यवस्था कर उसे उनके घर तक भी पहुंचा रही है। ऐसी ही एक तस्वीर राज्य के उधमसिंह नगर जिले से सामने आ रही है जहां पुलिस ने न सिर्फ राशन अपने कंधे पर रखकर जरूरतमंदों के घर पहुंचाया अपितु उनके खर्चे के लिए अपनी ओर से आर्थिक मदद भी की।


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महिला ने एस‌आई से मांगी मदद तो कंधो पर राशन लेकर घर पहुंचे उत्तराखण्ड पुलिस के जवान:-

उत्तराखण्ड पुलिस के फेसबुक पेज से मिली जानकारी के अनुसार राज्य के ऊधमसिंह नगर जिले के किच्छा की दरऊ पुलिस चौकी में आकर एक महिला ने एस‌आई रमेश चंद्र बेलवाल से घर पर राशन ना होने की बात कही। महिला का कहना था कि घर पर बिल्कुल राशन न होने से उसके 4 छोटे-छोटे बच्चे पिछले दो-तीन दिनों से भूखे हैं। वह बार-बार भोजन मांग रहे हैं लेकिन न तो घर में राशन है और ना ही पैसे। महिला की बातें सुनकर एस‌आई की आंखें भी कुछ देर के लिए नम हो गई उन्होंने तुरंत राशन की व्यवस्था कर दो-तीन पुलिस कर्मियों को राशन लेकर महिला के घर भिजवाया। जहां तक सड़क मार्ग था वहां तक तो सब ठीक था लेकिन जैसे ही सड़क मार्ग समाप्त हुआ तो पुलिस कर्मियों ने राशन के कट्टों को अपने कंधे पर उठा लिया और उसे महिला के घर पहुंचाया। इतना ही नहीं महिला के आर्थिक सहायता मांगने पर पुलिस कर्मियों ने उसे अपनी जेब से आर्थिक मदद भी की और भविष्य में भी मदद करने के आश्वासन के साथ ही मदद मांगने के लिए अपना नम्बर भी दिया।


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