Connect with us
रसोई घर में घुस गया था गुलदार पहाड़ की इस बहादुर नारी ने अपने सूझबूझ से पकड़वा दिया

Home / उत्तराखण्ड / रसोई घर में घुस गया था गुलदार पहाड़ की इस बहादुर नारी ने अपने सूझबूझ से पकड़वा दिया

उत्तराखण्ड पौड़ी गढ़वाल

रसोई घर में घुस गया था गुलदार पहाड़ की इस बहादुर नारी ने अपने सूझबूझ से पकड़वा दिया

1 min read

रसोई घर में घुस गया था गुलदार पहाड़ की इस बहादुर नारी ने अपने सूझबूझ से पकड़वा दियाराज्य में जंगली जानवरों के पर्वतीय ग्रामीण इलाकों में पहुंचने की घटनाएं आम होती जा रही है। ये जंगली जानवर पहले तो ग्रामीणों की फसल ही चोपट करते थे परन्तु अब ये ग्रामीणों को भी नुकसान पहुंचाने लगें हैं। हाल ही में हुई अधिकांश दुर्घटनाएं इसका उदाहरण है। इन जानवरों के द्वारा बहुत से ग्रामीणों को घायल किया गया है जिसमें से कुछ ग्रामीणों की मौत भी हो चुकी है जबकि कुछ ग्रामीण ऐसे भी हैं जिन्होंने अपनी सूझबूझ एवं साहस के बल पर खुद के साथ ही अपने परिवार की जान भी बचाई है। ऐसी ही देवभूमि की एक वीर बहादुर नारी है ‌पौडी गढ़वाल के एक छोटे से गांव में रहने वाली रूचि देवी, जिन्होंने अपने सूझबूझ एवं बुद्धिमत्ता के दम पर घर के अंदर रसोई घर में घुस आए एक गुलदार के एक शावक को न सिर्फ कमरे में कैद कर दिया बल्कि उसके बाद खुद ही वन विभाग को इसकी सूचना देकर अपनी निडरता को भी दिखाया। सूचना पर पहुंचे वन विभाग की टीम ने तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद गुलदार के शावक को पकड़ कर जंगल में छोड़ दिया है। ग्रामीणों के अनुसार गांव में कई दिनों से एक गुलदार दो शावकों के साथ देखा जा रहा है।




प्राप्त जानकारी के अनुसार पौड़ी गढ़वाल के जिला मुख्यालय के नजदीक स्थित च्वींचा गांव में रहने वाली आशा देवी के घर में बुधवार को गुलदार का एक शावक आ धमका। घर के बगल में उनके नए भवन का निर्माण कार्य चलने से इस बात की जानकारी किसी को नहीं हुई क्योंकि परिवार के सभी सदस्य न‌ए बन रहे मकान के आसपास ही थे। इस बात का पता उन्हें तब चला जब आशा देवी ने अपनी बहू रूचि देवी से चाय बनाकर लाने को कहा। इससे पहले कि रूचि रसोई में जाकर चाय बनाती उनकी नजर रसोई में दुबके गुलदार के शावक पर पड़ी। परंतु वह सामान्य महिलाओं की तरह चीखी-चिल्लाई नहीं अपितु रूचि ने इस परिस्थिति में भी अपनी सूझबूझ एवं बुद्धिमत्ता दिखाते हुए रसोईघर का दरवाजा बंद कर दिया। शावक को रसोईघर में कैद करने के बाद उन्होंने इसकी सूचना वन विभाग को दी। सूचना मिलते ही मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम ने तीन घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद गुलदार के शावक को पकड़ लिया। इसमें वन विभाग के एक कर्मचारी का हाथ भी जख्मी हो गया। वन विभाग की टीम ने शावक को मेडिकल जांच के बाद जंगल में छोड़ दिया है। सभी ग्रामीण ने रूचि के इस साहसपूर्ण कृत्य की तारीफ की है। ग्रामीणों ने वन विभाग से गुलदार एवं उसके दूसरे शावक को भी पकड़कर जंगल में छोड़ने की मांग की है।




Continue Reading

More in उत्तराखण्ड

To Top