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Uttarakhand news: csc chaukhutia almora Referred saying the newborn was dead, in 108, the pharmacist made safe delivery.

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उत्तराखण्ड: नवजात को मृत बता प्रसूता को किया रेफर, 108 में फार्मेसिस्ट ने कराया सुरक्षित प्रसव

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Almora news: अब इसे सीएचसी के चिकित्सकों की लापरवाही कहें, या फिर 108 में मौजूद फार्मेसिस्ट के हाथों का जादू, या कोई चमत्कार, फिलहाल जच्चा बच्चा दोनों स्वस्थ…

राज्य के पर्वतीय जिलों में स्वास्थ्य सेवाओं की खस्ता हालत आज किसी से छिपी नहीं है। आए दिन हमारे सामने क‌ई ऐसे वाकए आते रहते हैं जो पहाड़ में स्वास्थ्य सेवाओं की बदहाली बयां करते हैं। सच कहें तो पहाड़ के अस्पताल आज मात्र रेफर सेंटर बनकर रह गए हैं, जिसका खामियाजा पहाड़ की भोली-भाली एवं गरीब जनता को भुगतना पड़ रहा है। आज फिर राज्य के अल्मोड़ा जिले से एक ऐसी खबर सामने आ रही है, जिससे आप पहाड़ में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति को एक बार फिर आसानी से समझ सकते हैं। जी हां.. अल्मोड़ा के चौखुटिया सीएससी की यह घटना कुछ ऐसी है कि जिस नवजात को गर्भ में मृत बताकर चिकित्सकों ने गर्भवती महिला का प्रसव करने से मना करते हुए उसे रेफर कर दिया, उसी प्रसूता ने 108 एंबुलेंस में फार्मेसिस्ट की मदद से न केवल जीवित बच्चें को जन्म दिया बल्कि वर्तमान में जच्चा बच्चा पूरी तरह स्वस्थ भी है। अब इसे सीएचसी के चिकित्सकों की लापरवाही कहें, या फिर 108 में मौजूद फार्मेसिस्ट के हाथों का जादू, या कोई चमत्कार, बहरहाल जो भी कहों परंतु इस घटना ने पहाड़ की स्वास्थ्य व्यवस्था को एक बार फिर कटघरे में खड़ा कर दिया है।
(Almora news)
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प्राप्त जानकारी के अनुसार मूल रूप से राज्य के चमोली जिले के गैरसैंण ब्लॉक के ग्राम पंचायत कोलानी के खोलीधार तोक निवासी रविंद्र सिंह की पत्नी कुसुम देवी को बीते रोज एकाएक प्रसव पीड़ा होने लगी। जिस पर परिजन उसे लेकर सीएचसी चौखुटिया पहुंचाया पहुंचाया, परंतु वहां चिकित्सकों ने यह कहकर प्रसव करने से मना कर दिया कि बच्चे की धड़कनें बंद हो गई हैं। इस संबंध में आंगनबाड़ी कार्यकत्री लीला और गर्भवती की सास तारा देवी का आरोप है कि अस्पताल पहुंचने पर नवजात के पांव गर्भ से बाहर आ गए थे बावजूद इसके अस्पताल में मौजूद चिकित्सकों द्वारा प्रसव नहीं किया गया और मृतक बच्चे की डिलीवरी के लिए अस्पताल में कोई साधन नहीं होने का हवाला देकर प्रसूता को रानीखेत रेफर कर दिया। परिजन तुरंत 108 एम्बुलेंस की मदद से रानीखेत ले जाने लगे, परंतु जैसे ही वह चौखुटिया से करीब दो किमी आगे पहुंचे तो 108 में मौजूद फार्मेसिस्ट ने सुरक्षित प्रसव करा दिया। जच्चा बच्चा को स्वस्थ देखकर जहां परिजनों की खुशी का कोई ठिकाना नहीं रहा वहीं चिकित्सकों द्वारा मृत बताए गए नवजात बेटे को जीवित देखकर वे हैरत में पड़ गए। फिलहाल जच्चा-बच्चा को सीएचसी चौखुटिया में भर्ती कराया गया है।
(Almora news)

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