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Uttarakhand NEET PAPER LEAK 2026: नीट पेपर लीक आरोपी यश यादव का उत्तराखण्ड कनेक्शन
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Uttarakhand NEET PAPER LEAK 2026: NEET PAPER LEAK 2026 NEET EXAM CANCEL 2026 नीट पेपर लीक मामले में उत्तराखंड कनेक्शन, बीएएमएस छात्र यश यादव पर गंभीर आरोप, कॉलेज ने पहले ही किया था डिबार
Uttarakhand NEET PAPER LEAK 2026: NTA BAMS Uttarkashi connection of NEET paper leak Yash Yadav uttarakhand breaking news today:NEET Paper leak UTTARAKHAND connection देशभर में सुर्खियों में बने नीट-यूजी पेपर लीक मामले में अब उत्तराखंड का नाम भी जुड़ गया है। केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की कार्रवाई में गिरफ्तार हरियाणा के गुरुग्राम निवासी यश यादव का संबंध उत्तरकाशी स्थित एक आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज से सामने आया है। बताया जा रहा है कि वह यहां बीएएमएस प्रथम वर्ष का छात्र था, लेकिन लंबे समय से गैरहाजिर रहने के कारण संस्थान ने उसे पिछले महीने डिबार घोषित कर दिया था।
राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) द्वारा आयोजित नीट-यूजी परीक्षा में कथित पेपर लीक मामले की जांच जैसे-जैसे आगे बढ़ रही है, वैसे-वैसे कई चौंकाने वाले तथ्य सामने आ रहे हैं। इस प्रकरण में जयपुर, गुरुग्राम और नासिक से गिरफ्तार आरोपितों के तार अलग-अलग राज्यों से जुड़ते दिखाई दे रहे हैं।
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15 लाख में पेपर खरीदने का आरोप (NEET Paper Leak 2026)
जांच एजेंसियों के मुताबिक नासिक से गिरफ्तार एक आरोपी ने दावा किया है कि गुरुग्राम निवासी यश यादव ने 15 लाख रुपये में नीट-यूजी का प्रश्नपत्र खरीदा था और बाद में उसे अन्य लोगों तक पहुंचाया। इसी खुलासे के बाद सीबीआई ने उसे हिरासत में लिया।
सूत्रों के अनुसार यश यादव ने वर्ष 2023-24 बैच में तीसरी काउंसलिंग के जरिए उत्तराखंड आयुर्वेदिक विश्वविद्यालय से संबद्ध एक निजी आयुर्वेदिक मेडिकल कॉलेज में प्रवेश लिया था। वह बीएएमएस (बैचलर ऑफ आयुर्वेद मेडिसिन एंड सर्जरी) के प्रथम वर्ष में अध्ययनरत था।
लंबे समय से कॉलेज से था गायब (BAMS Student NEET Exam 2026 latest news today)
कॉलेज प्रशासन के अनुसार पिछले चार से पांच महीनों से यश लगातार अनुपस्थित चल रहा था। संस्थान ने पहले उसे कई बार नोटिस भेजे और बाद में आर्थिक दंड भी लगाया, लेकिन जब स्थिति में सुधार नहीं हुआ तो 26 अप्रैल को उसे आधिकारिक रूप से डिबार घोषित कर दिया गया।
कॉलेज के विभागाध्यक्ष ने बताया कि यश का व्यवहार सामान्य छात्रों जैसा ही था। वह शिक्षकों का सम्मान करता था और पढ़ाई में भी ठीक माना जाता था। उन्होंने यह भी कहा कि पहली नजर में उस पर ऐसे गंभीर आरोप लगना चौंकाने वाला है। हालांकि उन्होंने यह संभावना भी जताई कि जांच पूरी होने से पहले किसी निष्कर्ष पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
बाइक हादसे के बाद कम हो गई थी मौजूदगी (uttarakhand NEET exam Medical College)
कॉलेज सूत्रों के मुताबिक कुछ समय पहले यश यादव एक सड़क दुर्घटना में घायल हुआ था, जिसमें उसके पैर में फ्रैक्चर आया था। वह एक बार एक्स-रे रिपोर्ट लेकर संस्थान पहुंचा भी था और इलाज की जानकारी दी थी। इसके बाद उसकी उपस्थिति लगातार कम होती चली गई। बताया गया कि यश कॉलेज के पास किराये के कमरे में रहता था। जिस बैच में उसने प्रवेश लिया था, उसमें बड़ी संख्या में छात्राएं भी अध्ययनरत थीं।
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कॉलेज प्रबंधन ने बनाई दूरी (NEET 2026 latest news College Administration)
संस्थान के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि उनके यहां प्रवेश पूरी तरह नीट परीक्षा और अखिल भारतीय काउंसलिंग प्रक्रिया के आधार पर होता है। यदि कोई छात्र संस्थान परिसर के बाहर किसी गैरकानूनी गतिविधि में शामिल पाया जाता है, तो उसके लिए कॉलेज जिम्मेदार नहीं हो सकता।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि जांच में छात्र की भूमिका साबित होती है, तो उसे दोबारा प्रवेश नहीं दिया जाएगा।
क्या है बीएएमएस कोर्स? (NEET 2026 paper leak BAMS Course)
बीएएमएस एक अंडरग्रेजुएट मेडिकल डिग्री कोर्स है, जिसमें छात्रों को आयुर्वेदिक चिकित्सा पद्धति और रोगों के उपचार का प्रशिक्षण दिया जाता है। इस कोर्स की अवधि साढ़े चार वर्ष होती है, जिसके बाद एक वर्ष की अनिवार्य इंटर्नशिप करनी होती है। जिस संस्थान में यश अध्ययन कर रहा था, वहां बीएएमएस कोर्स की वार्षिक फीस करीब 2.20 लाख रुपये बताई जा रही है।
जांच के दायरे में बढ़ रहा नेटवर्क (uttarakhand NEET exam 2026 CBI Investigation)
नीट-यूजी पेपर लीक मामले में देशभर में जांच एजेंसियां लगातार छापेमारी और पूछताछ कर रही हैं। कई राज्यों में गिरफ्तारियां हो चुकी हैं और डिजिटल नेटवर्क, पैसों के लेनदेन तथा अभ्यर्थियों के संपर्कों की गहन जांच जारी है। उत्तराखंड से जुड़े इस नए खुलासे के बाद अब जांच एजेंसियां यह भी पता लगाने में जुटी हैं कि कहीं इस नेटवर्क की पहुंच अन्य शैक्षणिक संस्थानों तक तो नहीं थी।
