UTTARAKHAND NEWS Uttarkashi
Babita pandey missing tracker: ट्रेकर बबीता पांडे को हर ले गई परियां? परिजनों ने की CBI जांच की मांग
1 min read
Trekker Babita Pandey missing: Babita pandey missing tracker ramnagar Uttarkashi Dayara bugyal latest news today दयारा बुग्याल से लापता MBA छात्रा बबीता का 12वें दिन भी सुराग नहीं, सोशल मीडिया पर उठे परियों के हरण की बात, परिजनों ने उठाई CBI जांच की मांग
Trekker Babita Pandey missing: Family demands CBI probe ramnagar missing tracker dayara bugyal Uttarkashi Uttarakhand breaking news today: उत्तरकाशी के प्रसिद्ध दयारा बुग्याल ट्रेक से रहस्यमय परिस्थितियों में लापता हुई रामनगर निवासी एमबीए छात्रा बबीता पांडे का 12वें दिन भी कोई सुराग नहीं लग पाया है। लगातार चल रहे व्यापक सर्च ऑपरेशन के बावजूद जब कोई ठोस जानकारी सामने नहीं आई तो अब परिजनों की चिंता और बेचैनी दोनों बढ़ गई हैं। बेटी की तलाश में कई दिनों तक उत्तरकाशी में डटे रहने के बाद स्वजन भारी मन से घर लौटे हैं, लेकिन उनकी उम्मीदें अब भी जीवित हैं। बबीता की मां अंजू पांडे और भाई हर्षित पांडे ने मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग उठाई है। उनका कहना है कि इतने बड़े स्तर पर खोजबीन के बावजूद कोई सुराग न मिलना कई सवाल खड़े कर रहा है। परिवार ने आशंका जताई है कि इस मामले में अपहरण की संभावना को भी नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। आपको बता दें कि उत्तरकाशी पुलिस इस मामले में बबीता के 2 साथियों पर अपहरण का मुकदमा दर्ज कर चुकी हैं।
यह भी पढ़े :Pauri news today: पौड़ी गढ़वाल रिश्ते शर्मशार भाई ने नाबालिग बहन के साथ दुष्कर्म
अंतिम बार गोई कैंप में देखी गई थी बबीता (Missing MBA Student babita pandey latest news)
परिजनों के अनुसार बबीता इससे पहले हर्षिल ट्रेक पर जा चुकी थी, लेकिन दयारा बुग्याल ट्रेक उसका पहला अनुभव था। जानकारी के मुताबिक 29 मई की रात वह गोई कैंप में रुकी हुई थी। बताया गया कि उसने रात करीब साढ़े नौ बजे खाना पैक कराया था और कैंप क्षेत्र में बाहर बैठकर गाने भी सुन रही थी। उस रात कैंप में बड़ी संख्या में पर्यटक मौजूद थे। सुबह जब उसके साथियों ने संपर्क करने की कोशिश की तो उसका मोबाइल फोन बंद मिला। सबसे हैरान करने वाली बात यह रही कि उसका बैग, एटीएम कार्ड और अन्य निजी सामान कैंप में ही रखा मिला, जबकि बबीता का कोई पता नहीं चल सका।
मोबाइल की अंतिम लोकेशन ने बढ़ाया रहस्य (babita pandey missing case Digital Investigation)
जांच में जुटी एजेंसियों को बबीता के मोबाइल की अंतिम सक्रिय लोकेशन गोई क्षेत्र से लगभग 200 मीटर नीचे की ओर मिली है। सूत्रों के अनुसार मोबाइल रात करीब डेढ़ बजे तक सक्रिय था। तकनीकी टीमों ने एल्फा बीटा गामा जैसी आधुनिक तकनीकों से मोबाइल से जुड़े इन अंतिम डिजिटल संकेतों का विश्लेषण किया है, हालांकि इस संबंध में विस्तृत आधिकारिक जानकारी अभी सार्वजनिक नहीं की गई है। इसी तकनीकी इनपुट के आधार पर खोज अभियान को कई बार उसी क्षेत्र में केंद्रित किया गया, लेकिन अब तक कोई निर्णायक सफलता नहीं मिल सकी है।
युद्धस्तर पर जारी है सर्च ऑपरेशन (Babita pandey uttarakhand missing tracker Search Operation)
बबीता की तलाश के लिए भारतीय सेना के साथ ही पुलिस, एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, आईटीबीपी, वन विभाग, नेहरू पर्वतारोहण संस्थान, आपदा प्रबंधन दल, डॉग स्क्वायड और स्थानीय गाइड लगातार अभियान चला रहे हैं। तीन अलग-अलग मार्गों से तलाशी अभियान संचालित किया जा रहा है, जबकि ड्रोन के जरिए ऊंचाई वाले क्षेत्रों की निगरानी की जा रही है। करीब 120 से अधिक सदस्यीय टीम जंगलों, गहरी खाइयों, गदेरों, चट्टानी इलाकों और घने झाड़ियों वाले क्षेत्रों में लगातार कॉम्बिंग कर रही है। इससे पहले हेलीकॉप्टर के माध्यम से भी हवाई सर्वेक्षण किया जा चुका है, लेकिन कोई ऐसा सुराग नहीं मिला जो जांच को स्पष्ट दिशा दे सके।
यह भी पढ़े :Kainchi Dham news today: कैंची धाम जाम के झाम से मिलेगी निजात रातीघाट से बनेगा वैकल्पिक मार्ग
परिवार ने जताई अपहरण की आशंका (babita pandey missing tracker latest news kidnapping CBI Investigation Demand)
बबीता की मां और भाई का कहना है कि उत्तरकाशी प्रशासन और पुलिस पूरी गंभीरता से प्रयास कर रहे हैं, लेकिन अब तक परिणाम सामने नहीं आना चिंता बढ़ाने वाला है। उन्होंने कहा कि पुलिस स्वयं अपहरण सहित सभी संभावित पहलुओं पर जांच कर रही है। इसी वजह से उन्हें दोबारा उत्तरकाशी बुलाया गया है ताकि जांच को आगे बढ़ाया जा सके।परिवार का कहना है कि घटना का जल्द खुलासा होना बेहद जरूरी है, क्योंकि हर गुजरते दिन के साथ अनिश्चितता और बढ़ती जा रही है।
सोशल मीडिया पर फैल रही अफवाहें , बबीता को हर ले गई परियां?(Dayara Bugyal Mystery)
बबीता के लापता होने के मामले में सोशल मीडिया पर तरह-तरह की चर्चाएं भी सामने आई हैं। कुछ लोगों द्वारा ‘परियों के हरण’ जैसी बातों को प्रचारित किया गया, जिसे स्थानीय जनप्रतिनिधियों और सामाजिक लोगों ने पूरी तरह अफवाह बताते हुए खारिज किया है। उनका कहना है कि मामले को अंधविश्वास से जोड़ने के बजाय वैज्ञानिक और तथ्य आधारित जांच पर ही भरोसा किया जाना चाहिए।
यह भी पढ़े :Pauri news today: पौड़ी गढ़वाल रिश्ते शर्मशार भाई ने नाबालिग बहन के साथ दुष्कर्म
दयारा बुग्याल की खामोशी में गूंज रहा एक सवाल (babita pandey missing tracker Unsolved Mystery)
रैथल गांव और दयारा बुग्याल क्षेत्र में पिछले कई दिनों से चल रही खोजबीन के बावजूद बबीता का कोई सुराग नहीं मिलना प्रशासन के लिए भी चुनौती बना हुआ है। एक ओर जांच एजेंसियां लगातार नए पहलुओं पर काम कर रही हैं, वहीं दूसरी ओर परिवार की आंखें अब भी उस एक खबर का इंतजार कर रही हैं जो उनकी बेटी तक पहुंचा सके।फिलहाल सबसे बड़ा सवाल यही है कि जब मोबाइल की अंतिम लोकेशन मिल चुकी है, व्यापक स्तर पर तलाशी अभियान चलाया जा चुका है और हर संभावित क्षेत्र खंगाला जा रहा है, तब भी बबीता आखिर कहां है? इस सवाल का जवाब अभी तक किसी के पास नहीं है, जबकि खोज अभियान लगातार जारी है।
