Connect with us
Uttarakhand Happy GHUGHUTIYA festival wishes 2025 makar sakranti image photo hindi
फोटो देवभूमि दर्शन Happy Ghughutiya Wishes 2025

Home / उत्तराखण्ड विशेष तथ्य / HAPPY GHUGHUTIYA WISHES 2025 | घुघुतिया मकर संक्रांति शुभकामनाएं|

उत्तराखण्ड विशेष तथ्य लोकपर्व

HAPPY GHUGHUTIYA WISHES 2025 | घुघुतिया मकर संक्रांति शुभकामनाएं|

1 min read

Happy Ghughutiya Wishes 2025: कुमाऊं मंडल में पूरे हर्षोल्लास से मनाया जाएगा लोकपर्व घुघुतिया का त्यौहार, कहीं आज तो कहीं कल मनाएं जाएंगे घुघुते, अपनों को दें शुभकामनाएं…

Happy Ghughutiya Wishes 2025: 13 जनवरी 2025 यानी आज सोमवार को हिंदी पंचांग (कैलेंडर) के हिसाब से पौष मास का अंतिम दिन है। जिसे मासान्त भी कहा जाता है। कल यानी मंगलवार 14 जनवरी को सूर्य के मकर राशि में प्रवेश करने के साथ ही जहां समूचे देश में मकर संक्रान्ति का त्यौहार पूरे हर्षोल्लास से मनाया जाएगा वहीं पवित्र माने जाने वाले माघ मास का भी प्रारंभ हो जाएगा। बात उत्तराखण्ड की करें तो प्राचीन समय से ही इस दिन का अपना एक पौराणिक महत्व है। आपको बता दें कि इस दिन से सूर्य देव उत्तरायण हो जाते हैं। समूचे हिंदू धर्म में इस दिन न केवल पवित्र नदियों, संगम स्थलों पर स्नान दान का विशेष महत्व है। उत्तराखण्ड के कुमाऊनी अंचल में जहां मकर संक्रांति का त्योहार उत्तरायणी, घुघुतिया आदि नामों से मनाया जाता है वहीं राज्य के गढ़वाल मंडल में इसे मकरैंण के नाम से जाना जाता है।
HAPPY GHUGHUTIYA WISHES 2025 | घुघुतिया मकर संक्रांति शुभकामनाएं|यह भी पढ़ें- |Happy Ghughutiya| Uttrayani | Makar sankranti wishes Hindi 2024

Happy Makar Sankranti Wishes: बात घुघुतिया की करें तो समूचे कुमाऊं मण्डल में यह त्योहार पूरे हर्षोल्लास के साथ मनाया जाता है। इस दिन आटे‌ को दूध, घी (तेल) में गूंथकर हिंदी के 4 की आकृति के अनुरूप पकवान बनाए जाते हैं, जिन्हें घूघूते के नाम से जाना जाता है। इसके साथ ही लोग खजूरे, डम‌रू, सुपारी, टोकरी, अनार, तलवार, ढाल जैसी अनेक आकृतियों को भी अपने त्यौहार में समावेशित करते हैं।
HAPPY GHUGHUTIYA WISHES 2025 | घुघुतिया मकर संक्रांति शुभकामनाएं|
यह भी पढ़ें- GHUGHUTI FESTIVAL WISHESH GHUGHUTI TYOHAR घुघुती त्यौहार की फोटो

Happy Ghughuti Festival Wishes: आपको बता दें कि रामगंगा वार (सरयू वार) यानी बागेश्वर और पिथौरागढ़ जिले के वाशिंदे पौष मास के अंतिम दिन यानी मासांत को ही घुघुते बनाते हैं और माघ मास के पहले दिन यानी मकर संक्रांति को कौवों को खिलाते हैं जबकि सरयू पार में निवास करने वाले चम्पावत, नैनीताल, अल्मोड़ा आदि जिलों के वाशिंदे माघ मास के प्रथम दिन (सूर्य उत्तरायण) को घुघुतिया त्यौहार पूरे हर्षोल्लास से मनाते हैं तथा अगले दिन कौवों को खिलाते हैं।
HAPPY GHUGHUTIYA WISHES 2025 | घुघुतिया मकर संक्रांति शुभकामनाएं|
यह भी पढ़ें- Ghughuti festival story Hindi: उत्तराखंड के घुघुतिया पर्व से जुड़ी कथा है बड़ी रोचक

Happy Ghughuti Festival wishes hindi image photo 2025 घुघुतिया त्यौहार को मनाने के उपरांत बच्चे अगले दिन गले में विभिन्न आकृतियों से सुशोभित घुघुते की माला डालकर कौवों को बुलाते हैं। इस अवसर पर वह एक विशेष गीत गाते हैं। जो इस प्रकार है:-
‘काले कौवा काले घुघुति माला खा ले’।
‘लै कौवा भात में कै दे सुनक थात’।
‘लै कौवा लगड़ में कै दे भैबनों दगड़’।
‘लै कौवा बौड़ मेंकै दे सुनौक घ्वड़’।
‘लै कौवा क्वे मेंकै दे भली भली ज्वे’।

HAPPY GHUGHUTIYA WISHES 2025 | घुघुतिया मकर संक्रांति शुभकामनाएं|

यह भी पढ़ें- Ghughuti festival story hindi: उत्तराखंड घुघति त्योहार से जुड़ी कहानी है बेहद रोचक

उत्तराखंड की सभी ताजा खबरों के लिए देवभूमि दर्शन के WHATSAPP GROUP से जुडिए।

👉👉TWITTER पर जुडिए।

Continue Reading

More in उत्तराखण्ड विशेष तथ्य

To Top