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Uttarakhand news: Satish Chandra budakoti from Chai village of pauri Garhwal became IG in BSF.

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उत्तराखण्ड पौड़ी गढ़वाल

उत्तराखंड हुआ गौरवान्वित, चाई गांव के सतीश चन्द्र बने सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) में आईजी

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गौरवान्वित हुआ उत्तराखंड, सतीश चन्द्र बुड़ाकोटी (Satish Chandra budakoti) बने बीएस‌एफ (BSF) में आईजी, पहाड़ में दौड़ी खुशी की लहर..

राज्य के प्रतिभाशाली वाशिंदे आज अपनी काबिलियत के दम पर न केवल ऊंचे-ऊंचे मुकाम हासिल कर रहे हैं बल्कि अपनी इन अभूतपूर्व सफलताओं से समूचे प्रदेश को भी गौरवान्वित कर रहे हैं। समूचे उत्तराखंड को गौरवान्वित करने वाली ऐसी ही एक खबर आज उड़ीसा के भूवनेश्वर से आ रही है जहां मूल रूप से पौड़ी गढ़वाल जिले के रहने वाले सतीश चंद्र बुड़ाकोटी (Satish Chandra budakoti) को सीमा सुरक्षा बल ((BSF)) में आईजी पद पर पदोन्नति मिली है। इस पदोन्नति के जरिए आंतरिक सुरक्षा की दृष्टि से बेहद महत्वपूर्ण एंटी नक्सल ऑपरेशन की कमान संभालने जा रहे सतीश ने बीते बुधवार को भुवनेश्वर स्थित फ्रंटियर मुख्यालय (स्पेशल ऑपरेशन) में अपना कार्यभार ग्रहण कर लिया है। उनकी इस अभूतपूर्व उपलब्धि से जहां उनके परिवार में हर्षोल्लास का माहौल है वहीं समूचे क्षेत्र में भी खुशी की लहर है।
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प्राप्त जानकारी के अनुसार मूल रूप से राज्य के पौड़ी गढ़वाल जिले के जयहरीखाल ब्लाक के ग्राम चाई निवासी सतीश चंद्र बुड़ाकोटी सीमा सुरक्षा बल (बीएस‌एफ) में कार्यरत हैं। बता दें कि वह सेंट एडमंड्स कालेज शिलांग से स्नातक करने के बाद वर्ष 1986 मेें सहायक कमांडेंट के रूप में बीएसएफ में नियुक्त हुए थे। तब से अपने लगभग 35 वर्ष के कार्यकाल के दौरान वह पंजाब, जम्मू कश्मीर, उत्तर पूर्व के उग्रवाद से ग्रसित राज्यों एवं दिल्ली में सेवाएं दे चुके हैं। जहां उनका कार्यकाल सराहनीय रहा। सबसे खास बात तो यह है अपनी सराहनीय सेवाओं के कारण वर्ष 2009 में वह राष्ट्रपति द्वारा पुलिस पदक से भी सम्मानित हो चुके हैं। इतना ही नहीं संयुक्त राष्ट्र मिशन में प्रति नियुक्ति के दौरान वह सीमा सुरक्षा प्रमुख व ऑपरेशन अधिकारी के सलाहकार के तौर पर भी कार्य कर चुके हैं। इस दौरान उन्होंने गृहयुद्ध से प्रभावित बोस्निया, हर्जेगोविना में अपनी सेवाएं दीं। इसके अतिरिक्त वह राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड (एनएसजी) में भी ग्रुप कमांडर रह चुके हैं।

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