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Jaspal Rana mother: जसपाल राणा के निधन के 16 दिन बाद मां श्यामा राणा का भी निधन…
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Jaspal Rana Mother Death | Shyama Rana | Uttarakhand News | Indian Shooting Coach||विश्वविख्यात निशानेबाज जसपाल राणा के जन्मदिन पर मां श्यामा राणा का निधन, 16 दिन पहले बेटे ने कहा था दुनिया को अलविदा
Jaspal Rana Mother Death | Shyama Rana | Uttarakhand News | Indian Shooting Coach||उत्तराखंड और देश के खेल जगत के लिए एक बार फिर बेहद भावुक कर देने वाली खबर सामने आई है। विश्वविख्यात पिस्टल निशानेबाज, द्रोणाचार्य सम्मानित कोच और भारत के गौरव रहे दिवंगत जसपाल राणा के निधन के महज 16 दिन बाद उनकी मां श्यामा राणा का भी रविवार को निधन हो गया। सबसे भावुक करने वाली बात यह रही कि जिस दिन जसपाल राणा का जन्म हुआ था, ठीक उसी दिन 50 वर्ष बाद उनकी मां ने अंतिम सांस ली। इस घटना ने पूरे राणा परिवार के साथ-साथ खेल जगत और उत्तराखंड के लोगों को गहरे शोक में डुबो दिया है।
बेटे के जन्मदिन पर मां ने ली अंतिम सांस( Jaspal Rana Birthday)
श्यामा राणा (72) लंबे समय से कैंसर जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रही थीं। उनका इलाज दिल्ली के आरआर अस्पताल में चल रहा था, जहां रविवार शाम उन्होंने अंतिम सांस ली। 28 जून 1976 को उत्तरकाशी में जसपाल राणा का जन्म हुआ था और ठीक उनके 50वें जन्मदिन के दिन उनकी मां का निधन हो गया। इस संयोग ने पूरे परिवार के दुख को और भी गहरा कर दिया।
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बेटे की मौत की खबर मां से छिपाई गई(Jaspal Rana Mother Shyama Rana)
परिवार ने श्यामा राणा की नाजुक स्वास्थ्य स्थिति को देखते हुए उन्हें उनके बेटे जसपाल राणा के निधन की जानकारी नहीं दी थी। बताया जा रहा है कि बीमारी के दौरान वह बार-बार अपने बेटे से मिलने की इच्छा जताती थीं, लेकिन उन्हें यह पता ही नहीं चल पाया कि उनका बेटा उनसे 16 दिन पहले ही इस दुनिया को छोड़ चुका है। यह दर्दनाक सच अब हर किसी की आंखें नम कर रहा है।
12 जून को हुआ था जसपाल राणा का आकस्मिक निधन
(Jaspal Rana Death | ISSF World Cup)
जसपाल राणा का 12 जून को अचानक निधन हो गया था। वह म्यूनिख में आयोजित आईएसएसएफ विश्व कप से भारत लौट रहे थे। यात्रा के दौरान उन्हें सीने में तेज दर्द और स्वास्थ्य संबंधी गंभीर परेशानी हुई। दिल्ली पहुंचने के बाद उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां स्टेंट सर्जरी भी की गई। शुरुआती इलाज के बाद उनकी हालत में सुधार की उम्मीद जताई जा रही थी, लेकिन अचानक उनकी मौत की खबर सामने आ गई, जिसने पूरे देश को स्तब्ध कर दिया।
भारतीय निशानेबाजी के चमकते सितारे थे जसपाल राणा
(Indian Shooting Legend | Dronacharya Awardee)
टिहरी जिले के चिलामू गांव निवासी जसपाल राणा भारतीय निशानेबाजी के सबसे सफल खिलाड़ियों में गिने जाते थे। उन्होंने मात्र 18 वर्ष की उम्र में विश्व रिकॉर्ड बनाकर पूरी दुनिया का ध्यान अपनी ओर खींच लिया था। राष्ट्रमंडल खेलों, एशियाई खेलों और कई अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में उन्होंने भारत के लिए अनेक पदक जीतकर देश का नाम रोशन किया। खिलाड़ी के रूप में शानदार करियर के बाद वह भारतीय पिस्टल निशानेबाजों के हाई-परफॉर्मेंस कोच बने और नई पीढ़ी के खिलाड़ियों को तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहे थे। उनके योगदान के लिए उन्हें द्रोणाचार्य सम्मान से भी सम्मानित किया गया था।
नैनबाग और पूरे उत्तराखंड में शोक की लहर(Uttarakhand News | Tehri Garhwal)
पूर्व खेल मंत्री नारायण सिंह राणा के परिवार पर लगातार दूसरी बड़ी त्रासदी ने पूरे उत्तराखंड को झकझोर दिया है। जसपाल राणा के निधन के बाद अब उनकी मां श्यामा राणा के निधन की खबर मिलते ही उनके पैतृक क्षेत्र नैनबाग, टिहरी जिले के चिलामू गांव और पूरे प्रदेश में शोक की लहर दौड़ गई। खेल जगत, सामाजिक संगठनों और शुभचिंतकों ने श्यामा राणा को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए शोक संतप्त परिवार के प्रति संवेदनाएं व्यक्त की हैं।
