UTTARAKHAND ROAD ACCIDENT उत्तराखण्ड
उत्तराखंड: प्रसूता महिला को ले जा रहे एम्बुलेंस के हुए ब्रेक फेल, चालक की सुझबुझ से बची जिंदगी
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गर्भवती महिला को अस्पताल ले जा रही एंबुलेंस (Uttarakhand Ambulance) के ब्रेक फेल, ड्राइवर की सूझबूझ से टला बड़ा हादसा..
राज्य में दर्दनाक सड़क दुघर्टनाएं दिन-प्रतिदिन बढ़ती ही जा रही है। राज्य के किसी ना किसी हिस्से से लगभग रोज ही सुनाई देने वाली दर्दनाक सड़क दुघर्टना की खबर आज नैनीताल जिले से सामने आ रही है जहां उस समय हड़कंप मच गया जब एक गर्भवती महिला को अस्पताल ले जा रही एंबुलेंस (Uttarakhand Ambulance) के ब्रेक फेल हो गए। वो तो गनीमत रही कि एंबुलेंस ड्राइवर ने सूझबूझ का परिचय देते हुए पहाड़ी से टकराकर एंबुलेंस रोक दी अन्यथा एक बड़ा हादसा हो सकता है। हादसे में एंबुलेंस में सवार गर्भवती महिला और चालक सहित पांचों लोग घायल हो गए। सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची पुलिस विभाग की टीम ने क्रेन की मदद से एंबुलेंस चालक को बाहर निकाला और सभी घायलों को अस्पताल में भर्ती कराया। गर्भवती महिला सहित सभी घायलों की हालत खतरे से बाहर बताई गई है।यह भी पढ़ें- उत्तराखंड: पहाड़ में दर्दनाक सड़क हादसा बीआरओ का वाहन जा समाया गहरी खाई में चालक की मौत
प्राप्त जानकारी के अनुसार मूल रूप से राज्य के नैनीताल जिले के हैड़ाखान निवासी एक महिला को मंगलवार को सुशीला तिवारी अस्पताल में बच्चे की डिलीवरी के लिए 108 एंबुलेंस से ले जाया जा रहा था। बताया गया है कि जैसे ही एंबुलेंस काठगोदाम से करीब दो किलोमीटर ऊपर पहुंची तो एकाएक उसके ब्रेक फेल हो गए। चालक कमल नयाल को जैसे ही इस बात का पता चला उसने साहस और सूझबूझ का परिचय देते हुए अपनी जान की परवाह किए बगैर पहाड़ी की तरफ गाड़ी को साइड करते हुए टक्कर मार दी। जिससे एक झटके के साथ वाहन रुक गया। इस दौरान एंबुलेंस में मौजूद गर्भवती महिला को झटके के चलते चोट आई। वहीं ऑक्सीजन सिलेंडर के झटके से महिला के पति की जांघ में चोट आई है। जबकि एंबुलेंस चालक कमल नयाल सीट व स्टेरिंग के बीच में फस गया। जिससे उसके पैर में गंभीर चोट आई है। बता दें कि डाउन में होने के कारण वाहन तीव्र गति में था जिसके कारण इसके अलावा कमल के पास एंबुलेंस रोकने का कोई चारा नहीं था। पीछे से आ रहे बोलेरो वाहन ने गर्भवती महिला को समय पर सुशीला तिवारी अस्पताल पहुंचाया जिस कारण उसकी जान बच गई। घायल अन्य लोगों को पुलिस द्वारा अस्पताल में भर्ती कराया गया।
