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uttarakhand new song pahari by sapna uniyal

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टिहरी गढ़वाल की महज 11 वर्ष की सपना उनियाल का खूबसूरत गढ़वाली गीत हुआ रिलीज

टिहरी गढ़वाल की सपना उनियाल(Sapna Uniyal) ने माँ सरस्वती की वंदना को गढ़वाली बोली में दी अपनी आवाज यह नया वंदना गीत(New Song) काफी भा रहा है लोगो को 

देवभूमि उत्तराखंड की प्रतिभाएं पहाड़ की संस्कृति को देश-विदेश में पहुंचाने ‌की ओर अग्रसर है। नन्हे मुन्ने कलाकार भी अपने गीत संगीत के द्वारा पहाड़ की संस्कृति का प्रचार एवं प्रसार कर रहे हैं‌। वैसे तो उत्तराखंड की बेटियां आज हर क्षेत्र में आगे हैं। शायद ही कोई ऐसा क्षेत्र हो, जिसमें देवभूमि की बेटियों ने अपने कला के जलवे न बिखेरे हो। लेकिन अगर हम बात संगीत कला के क्षेत्र की करें तो उसका जीता जागता उदाहरण आप सोशल मीडिया पर देखते ही होंगे। आज हम आपको एक ऐसी ही उभरती हुई कलाकार से रूबरू कराएंगे जिसने नन्ही सी उम्र में मां सरस्वती की वंदना को गढ़वाली में गाकर गीत-संगीत की नई दुनिया में कदम रखा है। जी हां हम बात कर रहे हैं टिहरी गढ़वाल की रहने वाली सपना उनियाल(Sapna Uniyal) की। जिन्होंने 11 साल की छोटी सी उम्र में अपनी मधुर वाणी से गढ़वाली में मां सरस्वती से ज्ञान की गंगा बहाने तथा भारतवर्ष को फिर से विश्व गुरु बनाने की प्रार्थना इस वंदना के माध्यम से की है। इस वंदना गीत (New Song) को सोशल मीडिया और युटुब पर काफी प्रशंसा मिल रही है। गढ़वाली में सरस्वती वंदना गाकर सबके मनों को मंत्रमुग्ध करने वाली सपना उनियाल मूल रूप से टिहरी जिले के घनसाली की रहने वाली है।
यह भी देखे-  युवा गायक योगेश उनियाल का खूबसूरत पहाड़ी गीत “मेरी प्यारी” हुआ रिलीज


देवभूमि दर्शन से खाश बात चित  :  देवभूमि दर्शन से खाश बात चित में सपना के बड़े भाई योगेश उनियाल ने बताया की सपना का यह गढ़वाली सरस्वती वंदना उनके ऑफिसियल यूटूब चैनल पर रिलीज हो चूका है , जिसके लिए सपना ने काफी मेहनत की है। उन्होंने बताया  कि पिछले एक साल से संगीत सीख रही सपना का यह अपना खुद का पहला गाना है। सरस्वती वंदना के रूप में अपना पहला गीत गाने वाली सपना इससे पहले भी दूसरे सुप्रसिद्ध गायकों के गीतों को यूट्यूब पर हारमोनियम के साथ अपनी मधुर आवाज दे चुकी है। इस गढ़वाली वंदना में सपना ने मां सरस्वती से प्रार्थना की है कि वे ज्ञान की गंगा बहाकर भारतवर्ष को फिर से विश्व गुरु के पद पर आसीन कर दें। बताते चलें कि कक्षा 7 में पढ़ने वाली सपना अभी 11 साल की है। इतनी छोटी सी उम्र में भी उनकी गायकी में गायन के सभी गुण विद्यमान है। जिसको देखते हुए हमें आशा ही नहीं अपितु पूर्ण विश्वास है कि सपना उनियाल भविष्य में प्रसिद्ध गायिका बनकर देवभूमि का नाम एक दिन अवश्य रोशन करेंगी। गायन के क्षेत्र में शुरूआती कदम रखने वाली सपना अभी अपने घर पर ही संगीत सीख रही हैं। जिसमें सपना की सहायता उनके पिता तथा भा‌ई योगेश उनियाल कर रहे हैं।

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