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Uttarakhand Fortified Rice banned in School
Image : सांकेतिक फोटो ( Uttarakhand Fortified Rice School)

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UTTARAKHAND NEWS देहरादून

Uttarakhand Fortified Rice : उत्तराखंड के स्कूलों में फोर्टिफाइड चावल पर लगी रोक….

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Uttarakhand Fortified Rice School: उत्तराखंड: पीएम पोषण योजना में फोर्टिफाइड चावल की सप्लाई पर रोक, कई जिलों में कोटे से ज्यादा स्टॉक

Uttarakhand Fortified Rice banned in School: उत्तराखंड के सरकारी स्कूलों में चल रही PM Poshan Yojana के तहत मिलने वाले फोर्टिफाइड चावल को लेकर बड़ा बदलाव सामने आया है। केंद्र सरकार ने फिलहाल फोर्टिफाइड चावल की आपूर्ति पर अस्थायी रोक लगा दी है। बताया जा रहा है कि राज्य के कई जिलों में निर्धारित कोटे से अधिक चावल का स्टॉक बचा हुआ है, जिसके चलते यह निर्णय लिया गया है।

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जानकारी के अनुसार स्कूलों में मध्यान्ह भोजन के लिए मिलने वाले खाद्यान्न की मात्रा छात्रों की संख्या और प्रतिदिन के भोजन के हिसाब से तय होती है। लेकिन कई जिलों में तय मात्रा के अनुसार चावल की खपत नहीं हो पाई, जिसके कारण बड़ी मात्रा में स्टॉक बचा रह गया है।

प्राथमिक स्तर पर राज्य में करीब 1132.32 मीट्रिक टन और उच्च प्राथमिक स्तर पर लगभग 467.23 मीट्रिक टन फोर्टिफाइड चावल अभी भी स्टॉक में मौजूद बताया जा रहा है। ऐसे में केंद्र ने फिलहाल इसकी नई आपूर्ति रोक दी है और स्कूलों को फिलहाल सामान्य चावल से काम चलाने के निर्देश दिए गए हैं।

रिपोर्ट के मुताबिक पहाड़ी जिलों में खपत अपेक्षाकृत कम रही है। अल्मोड़ा, पौड़ी, नैनीताल और बागेश्वर जैसे जिलों में बड़ी मात्रा में स्टॉक बचा हुआ है, जबकि देहरादून और टिहरी में निर्धारित कोटे से अधिक चावल की खपत दर्ज की गई है। वहीं उत्तरकाशी और हरिद्वार में स्थिति अपेक्षाकृत संतुलित बताई गई है।

शिक्षा विभाग के अधिकारियों के अनुसार जिन स्कूलों में खाद्यान्न अधिक बचा है, वहां से जरूरत वाले स्कूलों में उसका समायोजन किया जाएगा। साथ ही सभी जिला शिक्षा अधिकारियों को पोर्टल पर डेटा अपडेट करने और खाद्यान्न की सही खपत सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि भविष्य में कोटे और आपूर्ति में असंतुलन की स्थिति न बने।

सरकार का कहना है कि इस व्यवस्था का उद्देश्य राशन की बर्बादी रोकना और उपलब्ध स्टॉक का सही उपयोग सुनिश्चित करना है।

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