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Badrinath donation scam: बद्रीनाथ धाम चढ़ावा मामले में चौंकाने वाला खुलासा…
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Badrinath dham donation scam बदरीनाथ धाम में चढ़ावे की गिनती पर उठे सवाल, जांच में सामने आई बड़ी लापरवाही
|Badrinath Dham Donation Scam| Uttarakhand News| Badrinath Temple News| बदरीनाथ धाम में दान-चढ़ावे की गिनती से जुड़े कथित हेराफेरी मामले की जांच में कई अहम तथ्य सामने आ रहे हैं। प्रारंभिक जांच में पता चला है कि 2 जुलाई को चढ़ावे की गिनती के दौरान निर्धारित प्रक्रिया का पूरी तरह पालन नहीं किया गया। जिस समय गिनती हो रही थी, उस दौरान मौके पर मौजूद रहने वाले जरूरी अधिकारी और कर्मचारी वहां नहीं थे। मामले में आरोपित वैयक्तिक सहायक प्रमोद नौटियाल को निलंबित कर दिया गया है, जबकि अन्य संबंधित कर्मचारियों से भी स्पष्टीकरण मांगा गया है।
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गिनती के समय अकेले मौजूद था वैयक्तिक सहायक (Badrinath Donation Investigation)
जांच में सामने आया कि दान पात्रों में जमा राशि की गिनती के दौरान वैयक्तिक सहायक प्रमोद नौटियाल अकेले ही गिनती स्थल पर मौजूद थे। जबकि नियमों के अनुसार वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी, सहायक मंदिर अधिकारी और लेखा लिपिक का भी वहां मौजूद रहना अनिवार्य था। बताया गया कि दान पात्रों को गिनती स्थल तक पहुंचाने के बाद सहायक मंदिर अधिकारी वापस लौट गए और आगे की प्रक्रिया अकेले ही पूरी की गई।
सीसीटीवी फुटेज में कैद हुई गतिविधियां (Badrinath Temple CCTV)
जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज की भी जांच की गई। फुटेज में कथित रूप से प्रमोद नौटियाल मोबाइल फोन के नीचे नोटों के बंडल छिपाकर ले जाते दिखाई दिए। इसी आधार पर उनके खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें निलंबित किया गया। वहीं गिनती के समय अनुपस्थित रहे अन्य कर्मचारियों को भी मंदिर समिति की ओर से नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है।
10 दिन में जांच पूरी करने के निर्देश (BKTC Investigation)
मामले की गंभीरता को देखते हुए बदरी-केदार मंदिर समिति के अध्यक्ष हेमंत द्विवेदी ने चार सदस्यीय जांच समिति का गठन किया है। समिति को 10 दिनों के भीतर पूरी जांच कर रिपोर्ट सौंपने के निर्देश दिए गए हैं। जांच टीम यह भी पता लगा रही है कि जिन कर्मचारियों की गिनती के दौरान मौजूदगी जरूरी थी, उन्हें इसकी सूचना दी गई थी या नहीं।
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दान से जुड़े दस्तावेज भी खंगाले जा रहे (Temple Donation Records)
जांच समिति कपाट खुलने के बाद से अब तक प्राप्त दान-चढ़ावे से जुड़े सभी रिकॉर्ड और दस्तावेजों की भी जांच कर रही है। साथ ही पूरे मामले में अपनाई गई प्रक्रिया और संबंधित अधिकारियों की भूमिका की भी समीक्षा की जा रही है।
लैपटॉप और कंप्यूटर का रिकॉर्ड भी जांच के दायरे में (Badrinath Committee News)
जांच के दौरान मंदिर समिति को बैंकों द्वारा दान में दिए गए आठ लैपटॉप और 16 कंप्यूटरों का रिकॉर्ड भी मिला है। जानकारी के अनुसार ये उपकरण वर्ष 2023 से 2025 के बीच समिति को उपलब्ध कराए गए थे। बताया जा रहा है कि इनमें से एक लैपटॉप समिति का कार्यकाल समाप्त होने के बाद भी वापस नहीं किया गया। जांच समिति इस मामले की भी पड़ताल कर रही है।
