Connect with us
Uttarakhand news: Anju got first place in the national level art festival traditional kala utsav pratiyogita organized in Dehradun

Home / उत्तराखण्ड / देहरादून में आयोजित राष्ट्रीय स्तर कला उत्सव पारंपरिक वादन में अंजू को मिला पहला स्थान

उत्तराखण्ड देहरादून

देहरादून में आयोजित राष्ट्रीय स्तर कला उत्सव पारंपरिक वादन में अंजू को मिला पहला स्थान

1 min read

Kala Utsav Pratiyogita: गौरवान्वित पल, अंजू ने पारंपरिक लोक वाद्य ढोल दमाऊं वादन की बेहतरीन प्रस्तुति देकर पूरे देश में हासिल किया प्रथम स्थान, बढ़ाया समूचे प्रदेश का मान…

राज्य की होनहार प्रतिभाएं आज अपनी काबिलियत के दम पर चहुंओर छाई हुई है। बात अगर राज्य की बेटियों की ही करें तो भी राज्य की बेटियों ने न केवल विभिन्न क्षेत्रों में ऊंचे-ऊंचे मुकाम हासिल किए बल्कि अनेकों बार समूची देवभूमि का मान भी बढ़ाया है। आज हम आपको राज्य की एक और ऐसी ही होनहार बेटी से रूबरू कराने जा रहे हैं जिसकी शानदार प्रदर्शन के बलबूते राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित कला उत्सव(Kala Utsav Pratiyogita) पारंपरिक वादन में उत्तराखण्ड को पहला स्थान हासिल हुआ है। जी हां… हम बात कर रहे हैं मूल रूप से देहरादून जिले की रहने वाली अंजू की, जिसने केंद्र सरकार द्वारा आयोजित की गई राष्ट्रीय कला-उत्सव प्रतियोगिता 2021-22 में पारंपरिक लोकवाद्य-यंत्र विधा के तहत ढोल वादन में पहला स्थान प्राप्त किया है। अंजू की इस अभूतपूर्व सफलता से जहां उनके परिवार में हर्षोल्लास का माहौल है वहीं समूचे क्षेत्र में भी खुशी की लहर है।
यह भी पढ़ें- उत्तराखंड: रौलाकोट गांव की प्रीति को इंजीनियरिंग में मिला गोल्ड मेडल

प्राप्त जानकारी के अनुसार देहरादून निवासी अंजू ने राष्ट्रीय स्तर पर आयोजित हुई कला-उत्सव प्रतियोगिता 2021-22 में पहला स्थान (पारम्परिक वादन) हासिल किया है। बताया गया है कि केन्द्र सरकार द्वारा यह प्रतियोगिता बीते 1 से 12 जनवरी तक वर्चुअल माध्यम से आयोजित की गई थी। जिसमें उत्तराखण्ड की ओर से अंजू ने प्रतिभाग किया था। पारम्परिक पारंपरिक लोकवाद्य-यंत्र वादन विधा के तहत अंजू ने ‘ढोल दमाऊं’ वादन की प्रस्तुति दी थी। जिसमें उनके साथ दमाऊ पर साधना और रणसिंहा पर रिंकी ने संगत की थी। बता दें कि लोककलाओं के संवर्धन एवं विकास को बढ़ावा देने के लिए केंद्र सरकार द्वारा यह प्रतियोगिता प्रतिवर्ष माध्यमिक स्कूलों के कक्षा 9वीं से 12वीं तक के छात्र-छात्राओं के लिए विभिन्न विधाओं में आयोजित की जाती है।
यह भी पढ़ें विडियो: अपनी गायन शैली से राष्ट्रीय कला उत्सव में ईशा धामी ने उत्तराखंड को दिलाया प्रथम स्थान

उत्तराखंड की सभी ताजा खबरों के लिए देवभूमि दर्शन के WHATSAPP GROUP से जुडिए।

Continue Reading

More in उत्तराखण्ड

To Top